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तीन साल से विधवा रही महिला ने दिया बच्चे को जन्म लेकिन समाज के डर से 500 में बेचा नवजात को

आज हम आपको बिहार के अररिया का एक ऐसा मामला बताने जा रहे हैं, जिसे जानकर आप हैरान रह जाएंगे. बुधवार को अररिया के सदर अस्पताल में एक विधवा महिला ने एक बच्चे को जन्म दिया. 3 साल पहले ही महिला के पति की मौत हो चुकी थी. अब आप सोच रहे होंगे कि इसमें इतनी हैरानी वाली क्या बात है? तो आपको बता दें इस महिला ने मात्र 500 रुपये में अपने बच्चे को बेचने की कोशिश की. यह विधवा महिला आशा नाम की एक महिला को अपने नवजात बच्चे को बेचने के लिए तैयार हो गयी थी. ऐसा नहीं था कि महिला की आर्थिक स्थिति कमजोर थी या वह उस बच्चे को पाल नहीं सकती थी.

समाज के डर से बच्चे को 500 में बेचा

दरअसल, समाज के डर से वह ऐसा करने को मजबूर थी. आप जानकर हैरान रह जाएंगे कि पति की मौत के बाद विधवा महिला के घर के ही एक पुरुष के साथ नाजायज संबंध थे. बता दें, लोकलाज के डर से महिला ने अपने बच्चे को आशा नाम की महिला को बेचा था. बच्चे को बेचने के बाद वह अस्पताल से चली गयी थी. लेकिन जब अस्पताल कर्मियों को इस बात की भनक लगी तो सुरक्षा कर्मियों के साथ मिलकर उन्होंने महिला की खोज शुरू कर दी. आखिरकार विधवा महिला मिल गयी और अस्पताल प्रबंधक की मौजूदगी में बच्चे को महिला को वापस दिया गया.

बता दें, महिला सदर थाना क्षेत्र के बुधेश्वरी रामपुर गांव की रहने वाली है. उसे पास के गांव की रहने वाली आशा नाम की महिला ने प्रसव के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया था. महिला ने बताया कि समाज के डर से वह बच्चे को अस्पताल में ही छोड़ना चाहती थी.

देवर से थे महिला के नाजायज संबंध

विधवा महिला ने बताया कि उसके पति मो. बहाव तीन साल पहले दुनिया छोड़ चुके थे. पति से उसके दो बेटी और एक बेटा है. पति की मौत के बाद देवर ने उसके साथ नाजायज संबंध बना लिया. गर्भवती होने पर देवर ने उसे छोड़ दिया और दिल्ली चला गया. महिला ने बताया कि देवर ने उससे शादी करने का वादा किया था. जब महिला गर्भवती हुई तो उसने गांव में पंचायत भी बुलाई, लेकिन पंचायत ने महिला की एक नहीं सुनी.

परिजनों के आने तक रखा जाएगा सुरक्षित

विकास कुमार (अस्पताल प्रबंधक) ने बताया कि जब तक महिला के घर से कोई परिजन आ नहीं जाता तब तक उसके बच्चे को सुरक्षित रखा जाएगा. उन्होंने बताया कि अररिया प्रखंड के अस्पताल प्रबंधक के माध्यम से आशा के साथ उस पंचायत के मुखिया को भी बुलाया गया है. साथ ही इस घटना की जानकारी स्थानीय पुलिस को भी दे दी गयी है. मुखिया और परिजनों के सामने ही बच्चे को उनके हवाले किया जाएगा. साथ ही पुलिस देवर की भी तलाशी में जुट गयी है.

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