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खरीदारी के वक्त ऐसे जानें आपके लिए कौन-सी क्रीम रहेगी बेस्ट, ऐसे चुनें

 क्रीम चुनते समय अपनी त्वचा के टाइप का तो ध्यान रखना ही होता है कि आपकी स्किन ऑइली है या ड्राई। इसके साथ ही क्रीम में डाले गए इंग्रीडिऐंट्स के कॉम्बिनेशन पर भी नजर डालना जरूरी होता है। ताकि आप यह समझ सकें कि वर्तमान समय में आपकी त्वचा की जरूरत के हिसाब से किन चीजों का कॉम्बिनेशन आपको बेहतर रिजल्ट देगा। इसलिए यहां जानें कि त्वचा पर किस तरह के लक्षण दिखने पर क्रीम खरीदते समय कौन-सा कॉम्बिनेशन चुनना चाहिए।

क्रीम चुनने का सही तरीका

त्वचा की ज्यादातर खामियों को दूर करने के लिए जिन क्रीम्स का उपयोग हम करते हैं। उन अधिकतर क्रीम और लोशन में सिलिकॉन एक मुख्य अवयव के रूप में होता है। जबकि साथ में अन्य इंग्रीडिएंट्स के साथ अलग-अलग कॉम्बिनेशन बनाए जाते हैं। जैसे, हनी-ऑल्मंड, दूध-मलाई, ऐलोवेरा-विटमिन-ई इत्यादि।
अब समझने वाली बात यह होती है कि आप अपने लिए किस कॉम्बिनेशन का चुनाव करें। आप कैसे पता करें कि आपकी त्वचा को इस समय कौन-सा मिश्रण चाहिए। क्योंकि मौसम और वातावरण के हिसाब से त्वचा की जरूरत बदल जाती है। ऐसे में आपको अपनी क्रीम भी बदल लेनी चाहिए। तो इसका समाधान यहां जानें।

सिलिकॉन है सेफ

स्किन पर उपयोग किया जाने वाला सिलिकॉन ब्यूटी प्रॉडक्ट्स का मुख्य इंग्रीडिऐंट है। इससे तैयार क्रीम और लोशन को आप 8 से 24 घंटे तक लगातार अपनी त्वचा पर उपोयग कर सकती हैं।
इसलिए कॉस्मेटिक प्रॉडक्ट्स का चुनाव करते समय सिलिकॉन डाईऑक्साइड को प्रॉडक्ट के बाहर दी गई इंग्रीडिऐंट्स लिस्ट में जरूर चेक करें। खासतौर पर जब आप अपनी त्वचा के दाग-धब्बे मिटाने और घाव भरने के लिए किसी क्रीम की तलाश में हों।

सिलिकॉन के साथ शहद

कई रिसर्च में यह बात साबित हो चुकी है कि त्वचा के गहरे दाग और घाव भरने में शहद बहुत प्रभावी रूप से काम करता है। इसलिए यदि आपकी त्वचा पर पिंपल्स या चोट इत्यादि के गहरे निशान हैं तो आप ऐसी क्रीम का चुनाव करें, जिसमें सिलिकॉन के साथ शहद का कॉम्बिनेशन हो।

विटमिन-सी और सोया या लाइकोराइस

जब आप अपन त्वचा की रंगत सुधारने और स्किन के टैक्सचर को बेहतर बनाने के लिए विटमिन-सी का चुनाव कर रही होती हैं तो उस वक्त इस बात का पूरा ध्यान रखें कि विटमिन-सी युक्त क्रीम में सोया या लाइकोराइज मुख्य अव्यव के रूप में होना चाहिए।
क्योंकि इन दोनों इंग्रीडिऐंट्स के साथ मिलकर विटमिन-सी और भी बेहतर तरीके से काम करता है। यह आपकी त्वचा के टैक्सचर को सुधारने में महत्वपूर्ण रोल निभाता है। यानी त्वचा का टैक्सचर इंप्रूव करने के लिए विटमिन-सी चुनें। और विटमिन-सी युक्त क्रीम चुनते समय इन दोनों इंग्रीडिऐंट्स का ध्यान रखें।

नायसिनेमाइड और जिंक

नायसिनेमाइड का उपयोग उन लोगों की त्वचा पर खास लाभ देता है, जिन्हें ऐक्ने की समस्या हो। साथ ही यह स्किन टोन को लाइट बनाने में भी मददगार होता है। इसलिए जब भी आप कोई ऐसी क्रीम खरीदें, जो ऐक्ने को दूर करने वाली हो तो देखें कि वह नायसिनेमाइड (niacinamide)बेस्ड होनी चाहिए।
इस क्रीम में नायसिनेमाइड 10 प्रतिशत और जिंक एक प्रतिशत होना चाहिए। इस स्थिति में यह आपकी त्वचा का रंग भी निखारती है और आपकी ऐक्ने की समस्या को भी जड़ से दूर करने में मददगार होती है।

ऐक्ने स्कार्स मिटाने के लिए

ऐक्ने स्कार्स यानी कील निकलने की समस्या के बाद चेहरे पर बनने वाले महीन निशानों को दूर करने के लिए आप ऐसी क्रीम चुनें जिसमें रेटिनॉयड एसिड (retinoic acid) और ग्लाइकॉलिक एसिड (glycolic acid) का मिश्रण हो। इस क्रीम से ऐक्ने स्कार्स के साथ ही पिग्मेंटेशन की समस्या को दूर करने में भी मदद मिलती है।
इस बात का हमेशा ध्यान रखें कि यहां बताए गए जितने भी प्रॉडक्ट्स हैं, इनका उपयोग रात के समय करना बेहतर होता है। क्योंकि इन्हें लगाने के बाद त्वचा बहुत अधिक सेंसेटिव हो जाती है। साथ ही सुबह के समय सनस्क्रीन का उपयोग करना अनिवार्य होता है। ताकि आपको इन प्रॉडक्ट्स का पूरा लाभ मिल सके।

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